होम / नागरिक चक्रम भाग 9: पंद्रह अगस्त 

चक्रम ने जाना की नागरिक होने का क्या अर्थ होता है?

जब कोई व्यक्ति सचमुच सोचने लगता है कि हमें अपने देश और समाज को ऐसा बनाना है, जिसमें सभी का सम्मान हो, सभी समान हों; तब वह अपनी सोच को सवालों के रूप में सबके सामने लाने लगता है। स्वतंत्रता दिवस के आयोजन में नागरिक चक्रम ने एक सवाल सबसे पूछ लिया। क्या था वह सवाल, आइये पढ़ते हैं नागरिक चक्रम की आज की कहानी में।

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